Musings Others Poetry Thoughts

हिंदी❤✒️

4
Please log in or register to do it.

और क्यों लिखू उस भाषा मे 

जिसमें जन जन का अपमान है।

 

जिस भाषा मे जन जन का सम्मान कराया जाता है 

मै आभारी हुँ अपने ईश्वर का की मुझे हिंदी से जाना जाता है।

हाथ जोड़कर सबको हम करते नमस्कार है। 

दुश्मन भी अगर घर पर आए उसका भी हम ना करते तिरिस्कार है।

 

ये सब मुझे हिंदी ने दिया है। 

ये मेरी हिंदी के संस्कार है। 

जिस भाषा मे नारी को पुरुष से अधिक सम्मान दिया जाता है। 

मै आभारी हुँ अपने ईश्वर का की मुझे हिंदी से जाना जाता है।

हमारा वेद पुराण ऐसा है। इसमें जानवर की भी पूजा जाता है।

आभारी हुँ मै आपने ईश्वर का की मुझे हिंदी से जाना जाता है।

धन्यवाद 🙏🧘।

 

कोहराम।
kundi (latch)

Reactions

1
2
0
0
0
0
Already reacted for this post.

Reactions

1
2

Who liked ?

Your email address will not be published.